Artificial Intelligence in Hindi: Meaning, Definition, Types, Applications, Career

(Artificial Intelligence in Hindi): An intelligent entity created by humans that is capable of thinking and acting logically and humanely.

Artificial Intelligence in Hindi

Artificial Intelligence Meaning in Hindi: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बारे में?

जिस प्रकार मनुष्य समस्याओं का समाधान कर सकता है और निर्णय ले सकता है, उसी प्रकार कंप्यूटर और मशीनों में प्रोग्रामिंग और प्रशिक्षण द्वारा कृत्रिम बुद्धि का निर्माण किया जाता है ताकि वह मनुष्यों की तरह अपने आप निर्णय ले सके और समस्याओं का समाधान कर सके।

ये मशीनें अनुभव के साथ सीखने और मानव जैसे कार्यों को करने में सक्षम होती हैं।

Just as humans can solve problems and make decisions, in the same way artificial intelligence is created by programming and training in computers and machines so that it can make decisions and solve problems on its own like humans.

जैसे जैसे प्रौद्योगिकी बदल रही है या बहुत तेजी से विकास कर रही है उसी तरह सम्पूर्ण विश्व में काम करने, शोध करने का तरीका भी बदल रहा है जिससे कम्यूटर और मशीनो  का प्रभाव लगातार बढ़ता ही जा रहा है और उनमे बहुत तेजी से बदलाव हो रहे है.

As technology is changing or developing very fast, in the same way, the way of working, researching is also changing all over the world, due to which the effect of computers and machines is continuously increasing and they are changing very fast.

आज कंप्यूटर के बिना विश्व की कल्पना भी नहीं कर सकते और आने वाले वक्त में कंप्यूटर और मशीनों का विकास अप्रत्याशित रूप से होने वाला है और यह अभी भी हो रहा है, इसमें सबसे बड़ा  उदाहरण कृत्रिम बुद्विमत्ता है.

Today we cannot even imagine the world without computers and in the coming times the development of computers and machines is going to happen unexpectedly and it is still happening, the biggest example of this is artificial intelligence.

जैसे-जैसे कृत्रिम बुद्धिमता जैसी प्रौद्योगिकियां बढ़ती जा रही हैं, उनका हमारे जीवन जीने के तरीकों पर बहुत प्रभाव पड़ रहा है और यह आने वाले वक्त में बहुत ज्यादा हो जायेगा।

As technologies like artificial intelligence continue to grow, they are having a great impact on the way we live our lives and it will become more so in the coming times.

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के इतिहास की प्रमुख घटनाएं | Major events in the history of Artificial Intelligence

दशकों पहले ही कृत्रिम बुद्धिमत्ता पर चर्चाएं का जन्म (एलन ट्यूरिंग द्वारा किया गया बेहतरीन प्रयास) “कंप्यूटिंग मशीनरी एंड इंटेलिजेंस” के 1950 में प्रकाशित होने पर ही हो गया था. इस पत्र में, ट्यूरिंग, जिन्हे अक्सर “कंप्यूटर विज्ञान का पिता” कहा जाता है, में प्रश्न पूछते है कि, “क्या मशीनें सोच सकती हैं?”

यह प्रश्न कि, “क्या मशीनें सोच सकती हैं?” का विचार प्राचीन ग्रीस से है। इलेक्ट्रॉनिक कंप्यूटिंग के आने तक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के विकास में हुई महत्वपूर्ण घटनाएं निम्नलिखित शामिल हैं:

  • 1950: एलन ट्यूरिंग द्वारा प्रकाशित “कंप्यूटिंग मशीन और इंटेलिजेंस”।
  • 1956: जॉन मैकार्थी ने डार्टमाउथ कॉलेज में पहली बार एआई सम्मेलन में ‘कृत्रिम बुद्धिमत्ता’ शब्द का प्रयोग किया।
  • 1967: फ्रैंक रोसेनब्लैट ने मार्क 1 परसेप्ट्रॉन (Mark 1 perceptron) का निर्माण किया, जो न्यूरल नेटवर्क (neural networks) पर आधारित पहला कंप्यूटर था।
  • 1997: आईबीएम के डीप ब्लू (A Chess-playing Computer) ने शतरंज मैच (और रीमैच) में विश्व शतरंज चैंपियन गैरी कास्पारोव को हराया।
  • 2016 : डीपमाइंड (DeepMind’s) के अल्फागो प्रोग्राम (AlphaGo program) ने विश्व चैंपियन गो खिलाड़ी (Go player) ली सोडोल (Lee Sodol) को पांच मैचों के मैच में हराया।

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की परिभाषा (Definition of Artificial Intelligence in Hindi)

Definition -1 in Hindi

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (Artificial Intelligence), एक डिजिटल कंप्यूटर या कंप्यूटर-नियंत्रित रोबोट में वो क्षमता होना जो आमतौर पर बुद्धिमान प्राणियों में कार्य करने की होती है। According to Britannica.

Definition – 2 in Hindi

मनुष्यों द्वारा बनाई गयी एक बुद्धिमान इकाई जो तर्कसंगत और मानवीय रूप से सोचने और कार्य करने में सक्षम हो।

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) काम कैसे करती है? | How does Artificial Intelligence (AI) work in Hindi?

यह समझने के लिए कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस वास्तव में कैसे काम करता है आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के विभिन्न क्षेत्रों को जानने और समझने की जरूरत है, जो निम्नलिखित हैं-

मशीन लर्निंग (Machine Learning in Hindi)

मशीन लर्निंग किसी मशीन को या किसी रोबोट को पिछले अनुभव के आधार पर अनुमान लगाना और निर्णय लेना सिखाती है। मशीन लर्निंग द्वारा, इंसानी अनुभव को शामिल किए बिना पैटर्न की पहचान करना और किसी संभावित निष्कर्ष तक पहुंचने के लिए और अर्थ का अनुमान लगाने के लिए पिछले डेटा का विश्लेषण करती है। इस तरह डेटा का मूल्यांकन करके निष्कर्ष तक पहुंचने के लिए यह ऑटोमेशन के जरिये इंसानो के लिए समय की बचत करती है और उन्हें बेहतर निर्णय लेने में मदद करती है।

Relationship of Artificial Intelligence
Relationship of Artificial Intelligence

डीप लर्निंग  (Deep Learning)

डीप लर्निंग एक मशीन लर्निंग की ही तकनीक है। डीप लर्निंग एक मशीन को सिखाती है कि किस तरह लेयर्स में इनपुट होना चाहिए ताकि उसका अनुमान लगाने और वर्गीकरण करने पर सबसे बेहतर परिणाम मिले।

डीप लर्निंग और मशीन लर्निंग दोनों ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के दायरे में आते हैं, और डीप लर्निंग, मशीन लर्निंग के दायरे में आता है।

न्यूरल नेटवर्क्स (Neural Networks)

न्यूरल नेटवर्क मानव तंत्रिका कोशिकाओं की तरह ही समान सिद्धांतों पर काम करता हैं। यह एल्गोरिदम की एक श्रृंखला है जो अलग अलग तरह की जानकारी और उनके बीच के सम्बंधों को समझती है और उस डेटा को इंसानी दिमाग की तरह उत्तर देती है।

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से संबंधित कई अन्य शब्दावली भी हैं, जिसे भी समझना बहुत जरूरी है।

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के प्रकार क्या हैं (Types of Artificial Intelligence in Hindi)

अलग-अलग आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इकाइयाँ अलग-अलग उद्देश्यों के लिए बनाई गई हैं। कार्यक्षमता के आधार पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस AI को दो भागों में वर्गीकृत किया जा सकता है। –

1 – weak Artificial Intelligence(AI) मतलब कार्यक्षमता में कम कार्यकुशल

2 – strong Artificial Intelligence(AI)  मतलब कार्यक्षमता में दक्ष

weak Artificial Intelligence(AI)

इसे नैरो एआई(Narrow AI) या आर्टिफिशियल नैरो इंटेलिजेंस (Artificial Narrow Intelligence – ANI) भी कहा जाता है। इस तरह की आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इस प्रकार प्रशिक्षित होती है कि वह एक कार्य विशेष को कर सके। आज के समय में दिखने वाली ज्यादातर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस नैरो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (Narrow AI) की कैटेगरी में आती है।

नैरो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की सीमित क्षमताएं हैं, जैसे किसी ई-कॉमर्स यूजर के लिए किसी प्रोडक्ट को सजेस्ट करना या मौसम की भविष्यवाणी करना आदि।

नैरो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के द्वारा कुछ बहुत ही बेहतरीन एप्लीकेशन बने है, जैसे कि Apple का Siri, Amazon का Alexa, IBM Watson, और स्वचालित वाहन आदि ।

strong Artificial Intelligence(AI)

strong AI को दो भागों में बाँटते है आर्टिफिशियल जनरल इंटेलिजेंस Artificial General Intelligence (AGI) और आर्टिफिशियल सुपर इंटेलिजेंस Artificial Super Intelligence (ASI) .

आर्टिफिशियल जनरल इंटेलिजेंस Artificial General Intelligence (AGI)

आर्टिफिशियल जनरल इंटेलिजेंस Artificial General Intelligence (AGI), AI का एक ऐसा प्रकार है जहां एक मशीन की बुद्धि इंसानों के बराबर होगी; उनमे खुद के द्वारा सोचने समझने की शक्ति होगी, जो समस्याओं को हल करने, सीखने और भविष्य के लिए योजना बनाने की क्षमता रखती होगी।

आर्टिफिशियल सुपर इंटेलिजेंस Artificial Super Intelligence (ASI)

आर्टिफिशियल सुपर इंटेलिजेंस (एएसआई)-जो AI का सर्वश्रेष्ठ प्रकार है और ऐसा माना जाता है इसमें AI मानव मस्तिष्क की बुद्धि और क्षमताओं को पार कर जाएगी।

आर्टिफिशियल सुपर इंटेलिजेंस अभी पूरी तरह से सैद्धांतिक है यह केवल कल्पना है और आज की तारीख में इसका कोई व्यावहारिक उदाहरण नहीं है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि AI शोधकर्ता इसके विकास की खोज नहीं कर रहे हैं।

Types of Artificial Intelligence in Hindi
Types of Artificial Intelligence in Hindi

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के अनुप्रयोग | Applications of Artificial Intelligence in Hindi

अगर हम कहें कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस वास्तव में एक एडवांस्ड डेटा प्रोसेसिंग सिस्टम है क्योंकि इसमें सब कुछ डेटा पर निर्भर करता है इसलिए हर जगह इसके इस्तेमाल की बहुत संभावनाएं हैं। AI में कई उद्योगों और कार्यों की कार्यशैली बदलने की क्षमता है जैसे –

1 – ई-कॉमर्स

2 – मानव संसाधन

3 – स्वास्थ्य सेवा

4 – नागरिक सुरक्षा

5 – परिवहन

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस युक्त वर्तमान समय जो टेक्नोलॉजी इस्तेमाल हो रही है कुछ प्रमुख एप्लीकेशन के नाम

1 – बायो मैट्रिक्स

2 – स्पीच रिकग्निशन

3 – गूगल AI प्लेटफार्म

4 – इमेज रिकग्निशन

5 – वर्चुअल एजेंट्स

6 – AI ऑप्टीमाइज़्ड हार्डवेयर

7 – साइबर डिफेंस

8 – कंटेंट क्रिएशन

9 – टेक्स्ट एनालिटिक्स और नेचुरल लैंग्वेज प्रोसेसिंग (एनएलपी)

10 – फ्रॉड प्रोटेक्शन एंड प्रिवेंशन

और भी कई क्षेत्र हैं जिनमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का इस्तेमाल किया जा रहा है।  

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में करियर | Career in Artificial Intelligence

AI में नौकरियां पिछले कुछ वर्षों से लगातार बढ़ रही हैं और जैसे जैसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का इस्तेमाल और बढ़ेगा जोकि बहुत बढ़ रहा है इसको देखते हुए आगे भी नौकरियां और तेजी से बढ़ेगी।

रिसर्च कहती है ऐसे नौकरीपेशा लोग जो आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से सम्बंधित विषयों में उन्होंने खुद को काबिल बनाया है उन लोगो के वेतन में औसतन 60-70% की बढ़ोतरी हुई है।

चैटबॉट्स से लेकर, स्वचालित कारों तक, AI टेक्नोलॉजीज का व्यापक उपयोग उद्योग और समाज को लगातार बदल रहा है, उनकी बढ़ी हुई क्षमता, नए उत्पादों तेजी से आना और बार बार होने वाले कार्यों का बहुत तेजी से होना। AI टेक्नोलॉजीज का अनुमान है कि 2035 तक दुनिया की 12 अर्थव्यवस्थाओं की  16 इंडस्ट्रीज का लाभ औसतन 38% तक बढ़ जायेगा।  According to Allianz see report.

WEF के अनुसार, वर्ष 2025 तक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस में लगभग 97 मिलियन नौकरियां सृजित होंगी।  See WEF Article इससे निश्चित ही आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के क्षेत्र में नौकरियों में बृद्धि होगी। लेकिन रिपोर्ट यह भी कहती है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के चलते 85 मिलियन जॉब्स कम भी हो जाएगी और यह एक चिंता का विषय होना चाहिए।

Question for you?

टेक्नोलॉजी हमेशा ही जन मानस की उत्सुकता को बढ़ाती रही है और जीवों की समस्याओं को सुलझती रही है और उसके साथ साथ विनाश की ओर भी ले जा रही है आप क्या कहते है की कृत्रिम बुद्धिमत्ता जैसी टेक्नोलॉजी के साथ कैसे आगे बढ़ना चाहिए। कमेंट करिये–

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Awanish Kumar
Awanish Kumar
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